राज्योत्सव कार्यक्रम में दिव्यांग बच्चों की सांस्कृतिक प्रस्तुति ने मोहा सबका मन, छत्तीसगढ़ महतारी गीतों पर नृत्य से जीता दर्शकों का दिल
दुर्ग जिले के राज्योत्सव समारोह में एक अनोखा दृश्य देखने को मिला, जब सुरधारा म्यूजिकल फाउंडेशन के दिव्यांग बच्चों ने मंच पर अपनी अद्भुत प्रस्तुति से सभी को भावविभोर कर दिया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि दुर्ग कलेक्टर अभिजीत सिंह ने बच्चों का सम्मान करते हुए कहा कि “इनसे बेहतर प्रस्तुति कोई दे ही नहीं सकता, ये बच्चे हमारे जिले की असली पहचान हैं।”
दुर्ग। राज्योत्सव के अवसर पर 4 नवंबर को गंजपारा में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम में सुरधारा म्यूजिकल फाउंडेशन दुर्ग के दिव्यांग बच्चों ने अपनी कला और आत्मविश्वास से सभी का दिल जीत लिया।
कार्यक्रम के दौरान इन बच्चों ने छत्तीसगढ़ महतारी गीतों पर नृत्य और संगीत की शानदार प्रस्तुति दी, जिसे देखकर दर्शक देर तक तालियाँ बजाते रहे।
मुख्य अतिथि कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह ने मंच पर पहुंचकर बच्चों को मोमेंटो, शॉल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया।
उन्होंने कहा — > “इन बच्चों की प्रतिभा वाकई अद्भुत है। मुझे नहीं पता था कि दुर्ग में इतनी क्षमता छिपी है। ये हमारे जिले की शान हैं और इनका आत्मविश्वास समाज के लिए प्रेरणा है।” कलेक्टर सिंह ने आगे कहा कि समाज को इन बच्चों से सीख लेनी चाहिए कि सीमाएँ कभी प्रतिभा को नहीं रोक सकतीं।
सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान सुरधारा म्यूजिकल फाउंडेशन के अध्यक्ष ज्योति ध्रुव, सचिव उमेश यादव, कोषाध्यक्ष राजेश गुप्ता और विशेष सलाहकार राजू ऊके भी उपस्थित रहे।
उन्होंने बताया कि संस्था का उद्देश्य दिव्यांग बच्चों को संगीत और नृत्य के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना है, ताकि वे आत्मविश्वास के साथ समाज में अपनी पहचान बना सकें।
