पहली बार ऑटोमोबाइल सेक्टर में चार दिन तक मनाया जा रहा धनतेरस, मिलेट्स से बनी मिठाइयों की बिक्री बढ़ी, अहमदाबाद के देसी खजूर बने दिवाली गिफ्ट का नया ट्रेंड
दुर्ग जिले में इस बार दिवाली बाजार का नज़ारा बदला हुआ है। पहली बार ऑटोमोबाइल सेक्टर में चार दिनों तक धनतेरस मनाया जा रहा है। लोकल मिठाइयों और स्वदेशी उत्पादों की मांग बढ़ी है, वहीं अहमदाबाद में उगाए गए देसी खजूर उपहार के रूप में लोगों की पहली पसंद बन गए हैं। व्यापारियों के अनुसार, जिले में लगभग 150 करोड़ रुपए का व्यापार हुआ है।
दुर्ग। इस बार धनतेरस पर बाजारों में नई चमक देखने को मिली। पहली बार ऑटोमोबाइल सेक्टर में चार दिनों तक धनतेरस मनाया जा रहा है। 17 अक्टूबर से शुरू हुआ यह पर्व दिवाली के दिन यानी 20 अक्टूबर तक चलेगा। बढ़ती बुकिंग और गाड़ियों की डिलीवरी को ध्यान में रखकर ऑटोमोबाइल सेक्टर ने यह नया पैटर्न अपनाया है।
चार दिनों में 150 करोड़ का व्यापार
चैंबर ऑफ कॉमर्स छत्तीसगढ़ के प्रदेश महामंत्री अजय भसीन के अनुसार, जिले में इस बार लगभग 150 करोड़ रुपए का व्यापार हुआ है। इसमें ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, सराफा, कपड़ा, जूते, बर्तन और एफएमसीजी उत्पादों की बिक्री में विशेष बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
लोकल मिठाइयों की डिमांड सबसे आगे
त्योहारों के बीच मिठाइयों के बाजार में भी बड़ा बदलाव दिखा। पहले जहां लोग पैक्ड मिठाइयों को प्राथमिकता देते थे, वहीं अब लोकल बनी ताज़ी मिठाइयाँ — जैसे लड्डू, बर्फी और चक्की — सबसे अधिक पसंद की जा रही हैं। साथ ही मिलेट्स से बनी हेल्दी मिठाइयों की बिक्री भी तेजी से बढ़ी है।
देसी खजूर बना नया गिफ्ट ट्रेंड
इस बार दिवाली उपहारों में अहमदाबाद में उगाए गए देसी खजूर ने नया स्थान बना लिया है। अब तक विदेशी खजूर का चलन था, लेकिन इस बार लोग पहली बार भारतीय खजूर को उपहार में दे रहे हैं। पिछले दस दिनों में इसकी बिक्री में भारी वृद्धि दर्ज की गई है।
भिलाई में पटाखों की रौनक
भिलाई के जवाहर मार्केट में पटाखों की दुकानों पर सैकड़ों लोग लाइन में नजर आए। करीब 500 से अधिक खरीदारों की भीड़ के बीच त्योहार की चमक पूरे जिले में नजर आ रही है।
व्यापारियों का कहना है कि चार दिन तक चलने वाला यह नया धनतेरस मॉडल आने वाले वर्षों में सभी सेक्टरों के लिए स्थायी परंपरा बन सकता है, क्योंकि इससे बिक्री और ग्राहकों की सुविधा दोनों में बढ़ोतरी हुई है।
