हाल ही में घटी घटना में होटल, लॉज और ढाबों में पुलिस ने की सघन जांच
दुर्ग। शहर में हाल ही में जादू-टोना से जुड़े गिरोह को पकड़ने में पुलिस सफल रही। मंगलवार, 28 अक्टूबर की रात गिरोह ओडिशा से आए पांच संदिग्ध व्यक्ति होटल और लॉज में ठहरे थे। पुलिस ने इनके पास जादू-टोना में इस्तेमाल होने वाले यंत्र, हनुमान और लक्ष्मी छाप सिक्के, टोना-टोटका से संबंधित तस्वीरें और वीडियो बरामद किए।
अगली रात, 29 अक्टूबर की रात, सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र में होटल, लॉज और ढाबों में सघन जांच की गई और पांचों आरोपी गिरफ्तार किए गए। एक आरोपी के पास चाकू भी मिला, जिस पर आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की गई।
गिरोह की योजना और खुलासा
एएसपी सुखनंदन राठौर ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी होटल न्यू इंडिया मार्केट, दुर्ग में ठहरे हुए थे। पूछताछ में पता चला कि ये सभी कोरापुट, ओडिशा के निवासी हैं। उनके मोबाइल फोन की जांच में जादू-टोना और धार्मिक चमत्कार से संबंधित कई तस्वीरें और वीडियो मिले, जिनमें सिक्के, पूजन सामग्री और संदिग्ध वस्तुएं शामिल थीं।
पुलिस ने बताया कि गिरोह भोली-भाली जनता को चमत्कारी दावे दिखाकर ठगने का प्रयास कर रहा था। इसका उद्देश्य लोगों से पैसे ऐंठना और झांसे में लेना था।
गिरफ्तार आरोपी
- के. चंद्रशेखर, ओडिशा
- अनंत पुजारी, ओडिशा
- एम. सत्सा राव, ओडिशा
- लक्ष्मी नारायण खिलो, ओडिशा
- दैतारी माली, ओडिशा
- आर्म्स एक्ट पर कार्रवाई
पुलिस ने आरोपी से चाकू बरामद होने पर आर्म्स एक्ट की धारा के तहत मामला दर्ज किया। अधिकारियों ने चेताया कि ऐसे गिरोह बाहरी राज्यों से आकर धार्मिक और चमत्कारी दावे कर लोगों को ठगने की कोशिश करते हैं। नागरिकों को सतर्क रहने और किसी भी जादू-टोना या तांत्रिक चमत्कार के बहकावे में न आने की सलाह दी गई है।
