मुख्य सचिव की अध्यक्षता में तय हुआ कार्यक्रमों का खाका — नवा रायपुर में विधानसभा भवन और शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक का लोकार्पण भी समारोह का हिस्सा
छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित राज्योत्सव-2025 की तैयारियाँ अब अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। राज्योत्सव के उद्घाटन समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्तावित आगमन को देखते हुए शासन ने आयोजन की रूपरेखा और समन्वय कार्यों के लिए वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। मुख्य सचिव की अध्यक्षता में हुई बैठक में सभी विभागों को उनकी जिम्मेदारियाँ सौंप दी गई हैं।
रायपुर। राज्य शासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, अपर मुख्य सचिव (गृह एवं जेल) मनोज कुमार पिंगुआ को राज्योत्सव से जुड़े सभी कार्यक्रमों का मुख्य नोडल अधिकारी बनाया गया है। वे राज्योत्सव, प्रधानमंत्री के कार्यक्रम और नवीन विधानसभा भवन के लोकार्पण समारोह की तैयारियों का नेतृत्व करेंगे। इसी क्रम में प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा (आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विभाग) को शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक सह आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय के शुभारंभ और लोकार्पण का दायित्व सौंपा गया है।
विभागवार जिम्मेदारियाँ तय
सचिव एस. प्रकाश (संसदीय कार्य विभाग) को नवीन विधानसभा भवन, सेक्टर-19, नवा रायपुर अटल नगर के लोकार्पण कार्यक्रम का नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। वहीं भुवनेश यादव, सचिव समाज कल्याण विभाग, को राज्योत्सव के मुख्य मंच, बैठक व्यवस्था और शुभारंभ समारोह की जिम्मेदारी दी गई है।
राज्योत्सव स्थल पर लगने वाली भव्य प्रदर्शनी की तैयारी का दायित्व डॉ. एस. भारतीदासन, सचिव कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा विभाग, को सौंपा गया है। प्रदर्शनी में राज्य सरकार के विभिन्न विभागों, संस्थाओं और स्व-सहायता समूहों की उपलब्धियाँ और योजनाएँ प्रदर्शित की जाएंगी। इसके साथ ही डॉ. प्रियंका शुक्ला, सह संचालक स्वास्थ्य सेवाएं एवं एमडी (राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन), को ब्रह्मकुमारीज ध्यान केंद्र, नवा रायपुर अटल नगर के उद्घाटन कार्यक्रम की जिम्मेदारी दी गई है।
गरिमामय आयोजन पर फोकस
मुख्य सचिव ने सभी नोडल अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे विभागों के बीच समन्वय और पर्यवेक्षण पर विशेष ध्यान दें, ताकि राज्योत्सव-2025 का आयोजन भव्य, अनुशासित और गरिमामय स्वरूप में संपन्न हो। राज्य शासन के अनुसार, इस बार राज्योत्सव में छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विविधता, उपलब्धियाँ और विकास यात्रा को केंद्र में रखकर विशेष प्रस्तुतियाँ होंगी। प्रशासनिक अमला अब आयोजन को अंतिम रूप देने में पूरी तरह जुट गया है।
